मुंबई : कला और परिवार में गहरी श्रद्धा
अभिषेक बच्चन ने हाल ही में अपने परिवार और अपने जीवन के मूल्यों पर एक दिलचस्प बातचीत की, जिसमें उन्होंने बताया कि वह अपनी बेटी आराध्या के लिए न केवल एक रचनात्मक बल्कि ठोस विरासत छोड़ना चाहते हैं। अभिषेक का मानना है कि उनका परिवार, विशेषकर उनके माता-पिता अमिताभ बच्चन और जया बच्चन, उनके लिए भगवान के बराबर हैं। उन्होंने कहा कि परिवार के सदस्यों का प्यार और समर्थन ही उनके जीवन का आधार है और यह उनके लिए सबसे महत्वपूर्ण है।
परिवार और विरासत का महत्व
अभिषेक ने स्पष्ट रूप से कहा कि वह बहुत धार्मिक नहीं हैं, लेकिन उनका भगवान के साथ एक व्यक्तिगत संबंध है। उन्होंने यह भी कहा कि परिवार का समर्थन और उनके माता-पिता की राय उनके लिए सर्वोपरि हैं। अभिषेक ने अपने दादा, प्रसिद्ध कवि हरिवंश राय बच्चन के योगदान का भी आभार व्यक्त किया और कहा कि उन्हें गर्व है कि वह बच्चन परिवार के सदस्य हैं। वह चाहते हैं कि आने वाली पीढ़ियाँ भी इस विरासत का सम्मान करें और इसकी निरंतरता बनाए रखें।
रचनात्मकता से परे ठोस विरासत बनाने की दिशा में प्रयास
अभिषेक ने यह भी बताया कि उनकी प्राथमिकता केवल रचनात्मकता नहीं, बल्कि वह अपनी बेटी के लिए एक ठोस और स्थिर विरासत छोड़ने की दिशा में भी काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “मैं अभिनय के अलावा जो भी काम करता हूं, वह इस उद्देश्य के लिए है कि मैं अपने परिवार के लिए एक मूल्यवान योगदान दे सकूं।” इसके अलावा, वह खेल और अन्य व्यवसायों में भी शामिल हैं, ताकि अपनी मेहनत और उपलब्धियों से एक स्थायी छाप छोड़ सकें।
भविष्य के लिए उद्देश्यपूर्ण दृष्टिकोण
अभिषेक ने यह खुलासा किया कि वह अपने परिवार और आने वाली पीढ़ियों के लिए कुछ स्थायी और ठोस बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं। उनके अनुसार, यह केवल एक रचनात्मक विरासत नहीं, बल्कि एक मजबूत और स्थिर आधार होना चाहिए, जो उनके परिवार के लिए लंबे समय तक काम आ सके।